आपके ई मेल को किसी ने पढ़ा भी है?

एक बार फिर पंजाब की यात्रा हुई सड़क मार्ग द्वारा. 4 अक्टूबर की सुबह रवाना हुआ था बिटिया और पिता जी के साथ. 17 अक्टूबर को लौट भी आया. समय इतना मिला नहीं कि साथियों से मेल मुलाक़ात की जा सके. लौटने के बाद कई मित्रों की शिकायत आई कि मिले क्यों नहीं!

अभी दो दिन पहले कुमार राधारमण जी की कॉल आई तो उनका नाम मोबाइल पर देखते ही तैयार हो गया संभावित डाँट के लिए. हुआ भी यही. खामोश रहने के अलावा कोई चारा भी ना था.

मेरी चुप्पी भांप उन्होंने एक तकनीकी जिज्ञासा जाहिर की. उन्होंने एक संवेदनशील ई मेल अपने किसी सहयोगी को भेजी थी और उत्तर की हफ्तों प्रतीक्षा करने के बाद उस संदर्भ में बात की तो वह सहयोगी साफ़ मुकर गया कि ऎसी कोई ई मेल उसे मिली है. स्पैम या जंक फोल्डर में होने की बात से भी इंकार कर दिया गया. भेजी गई ई मेल का विस्तृत स्नैपशॉट भी भेजा गया लेकिन बात नहीं बनी.

राधारमण जी की जिज्ञासा थी कि ऐसा कोई तरीका है? जिससे पता लगाया जा सके कि वह ई मेल मिली है कि नहीं? उसे पढ़ा गया है कि नहीं? मैं यही कह पाया कि उपाय तो है लेकिन इसे पहले अपनाना था. अब कुछ नहीं हो सकता.

उन्होंने हँसते हुए कहा कि वह उपाय बता ही दीजिये. अगली बार उसी का प्रयोग करेंगे. तब मैंने उन्हें वह उपाय बताया जिसका उपयोग खुद पिछले 9 वर्ष से कर रहा हूँ


इस सेवा का उपयोग करने से भेजी गई ई मेल संबंधित बहुत सी हैरतअंगेज जानकारियाँ सामने आती हैं. जैसे कि किस तारीख और समय पर वह ई मेल खोला गया, ई मेल खोलने वाले की अनुमानित भौगोलिक स्थिति का नक्शा, जिस कंप्यूटर पर ई मेल खोला गया उस कंप्यूटर का आईपी पता, ई मेल में भेजे गए यूआरएल को क्लिक किया गया कि नहीं, ई मेल उस कंप्यूटर तक कितनी देर खुली रही, ई मेल को कितनी बार खोला गया, क्या ई मेल किसी अलग कंप्यूटर पर खोला गया था (फॉरवर्ड किये जाने कि स्थिति में)

ई मेल का कच्चा चिट्ठा

यदि आप चाहें तो भेजी गई ई मेल का प्रिंट किया जाना प्रतिबंधित कर सकते हैं या फिर एक निश्चित किये गए समय के बाद पढ़ी जा चुकी ई मेल का नामों-निशाँ मिटवा सकते हैं. मतलब, अगर अगले ने ई मेल पढ़ ली है तो वह ई मेल खुद-ब-खुद नष्ट हो जायेगी और फिर उसे प्राप्त करने वाला उस ई मेल को कहीं नहीं पा सकेगा.

यही नहीं, अगर आपने ई मेल में कोई पीडीएफ या वर्ड, एक्सेल, पावरपॉइंट फाइल भेजी है तो आप जान सकते हैं कि उस फाइल के हर बार पढ़े जाने की तिथि, समय, स्थान आदि की जानकारी, यह पता चल जाएगा कि उस फाइल को कागज पर प्रिंट किया गया है या हार्ड डिस्क में ही सहेजा गया, इस फाइल को फॉरवर्ड किया गया है क्या (संभव हो तो किसे फॉरवर्ड किया गया), पीडीएफ के किन पन्नों को पढ़ा गया, कितने समय तक पढ़ा गया, कितनी बार इसे खोला गया!

भेजी गई ई मेल की विस्तृत रिपोर्ट

यह सभी गुप्त सूचनाएं आप अपने ई मेल पर प्राप्त कर सकते हैं, एसएमएस के रूप में अपने मोबाइल पर पा सकते हैं या फिर जीटॉक जैसे मैसेंजर पर देख सकते हैं.

भेजी गई ई मेल की प्राप्ति और उसे पढ़े जाने संबंधित जो भी प्रमाण आपको इस सेवा द्वारा दिए जाते हैं उसे अंतर्राष्ट्रीय कानूनी मान्यता प्राप्त है.

ई मेल का संक्षिप्त विवरण

इस सेवा का का नाम है www.ReadNotify.com और यह आपको सुविधा देती है कि इसका प्रयोग (दो सप्ताह या 25 ई मेल द्वारा) कर देखें और फिर संतुष्ट हो इसका संपूर्ण उपयोग बेहद मामूली भुगतान पश्चात करें. इसका मासिक शुल्क करीब 4 अमेरिकी डॉलर या 36 अमेरिकी डॉलर प्रति वर्ष है.

मैं इस सेवा का प्रयोग पिछले 9 वर्ष से कर रहा हूँ और इसने मुझे कभी निराश नहीं किया. हिंदी ब्लॉगिंग के चरम पर कुख्यात रहे तहसीलदार, किलर झपाटा, ज्ञान, औघड़ बाबा, ढपोरशंख, अम्मा जी जैसे कई संदिग्धों की पहचान मैंने इसी से की हैं. 😀

इसके लिए करना कुछ नहीं है. एक बार आपने इस www.ReadNotify.com की सेवाएं ले लीं तो जिस ई मेल आईडी की छानबीन करना चाहते हैं उस ई मेल आईडी के बाद .readnotify.com और जोड़ दें. जैसे कि मुझे यदि hindibloggers@gmail.com का कच्चा चिट्ठा जानना है तो भेजे जाने वाली ई मेल लिखनी होगी hindibloggers@gmail.com.readnotify.com

तब, भेजी जाने वाली ई मेल ReadNotify के सर्वर से गुजरेगी और वे इस ई मेल की हर हरकत पर नज़र रखेंगे. चिंता करने की ज़रूरत नहीं! ई मेल पाने वाले को  hindibloggers@gmail.com.readnotify.com की बजाये hindibloggers@gmail.com ही दिखाई देगा. 😀

भेजी जाने वाली ई मेल में बदलाव

मैं जब से इस सेवा का प्रयोग कर रहा हूँ, इनकी तरफ़ से कभी किसी अवांछित ई मेल या विज्ञापन नहीं मिले. निजता का ध्यान बाकायदा रखा जाता है. सेवा में कमी की शिकायत तो मुझे हुई ही नहीं.

अधिक जानकारी इनकी FAQ कड़ी से ली जा सकती है.

अब आप बताईये, आपका इरादा क्या है अब?

© बी एस पाबला

आपके ई मेल को किसी ने पढ़ा भी है?
5 (100%) 1 vote
Print Friendly

Related posts

30 Thoughts to “आपके ई मेल को किसी ने पढ़ा भी है?”

  1. आप तो हम सबके टेक्नो गुरुदेव हो पाबला जी 🙂
    धन्यवाद
    आपका
    टिप्पणीकर्ता vijay ने हाल ही में लिखा है: अमृत वृद्धाश्रमMy Profile

    1. बी एस पाबला

      Delighted
      अच्छी जानकारियाँ साझा करने की कोशिश करता हूँ विजय जी

  2. केवल रीड नोटिफिकेशन के लिये आऊटलुक का भी इस्तेमाल किया जा सकता है, बस यह नोटिफिकेशन भेजने के पहले आपसे पूछता है, वरना लोटस नोट्स में तो यह सुविधा बहुत ही बढ़िया है ।

    1. बी एस पाबला

      Smile
      जितना अधिक गुड, उतना ही मीठा

  3. बेहतरीन जानकारी मिली पाबला जी , आभार आपका !!
    टिप्पणीकर्ता सतीश सक्सेना ने हाल ही में लिखा है: दीपोत्सव मंगलमय हो -सतीश सक्सेनाMy Profile

    1. बी एस पाबला

      THANK-YOU
      शुक्रिया सतीश जी

  4. समय समय पर इसका उपयोग करते रहें है । कभी इसने निराश नहीं किया । हमारे इमेल वाले झमेले कम है तो “तहसीलदारों” “झपाटो” से दूर ही रहते हैं । 🙂
    टिप्पणीकर्ता नवीन प्रकाश ने हाल ही में लिखा है: True Caller से अपना नाम कैसे हटाएं .My Profile

    1. बी एस पाबला

      Delighted
      दूर रहने में ही भलाई है

  5. अगर ई-मेल प्रदाता यदा-कदा यह सेवा अपनी ओर से उपलब्ध कराएं,तो प्रयोक्ता ऐसी तकनीक से सहज परिचित भी होंगे और उपयुक्त समय पर यह सेवा स्थायी तौर पर लेने का विचार भी कर सकेंगे।
    पाबला साहब पोस्टों का गुपचुप फ़ायदा उठाकर बिना टिप्पणी किए निकल लेने वाले भी सावधान रहें। उन्हें सब पता है।

    1. बी एस पाबला

      Heart
      सब पता है!

  6. कमाल की जानकारी 🙂

    1. बी एस पाबला

      THANK-YOU
      शुक्रिया राजीव जी

  7. बहुत ही अच्छी जानकारी दिये. इसके लिए आपको बहुत-बहुत धन्यवाद.
    टिप्पणीकर्ता महेश कुमार वर्मा ने हाल ही में लिखा है: मीना व उसकी माँMy Profile

    1. बी एस पाबला

      THANK-YOU
      शुक्रिया महेश जी

  8. जिन्हें (किलर झपाटा, अम्मा जी वगैरह) आपने पहचान लिया, उनकी पहचान मुझे मेल करिये और फिर देखिये कि मैं उसे कितनी बार, कितने शौक से पढता हूँ 😀

    1. बी एस पाबला

      Ssshh
      पर्दे में रहने दो पर्दा ना उठाओ

  9. आपके ब्लॉग तो तकनीकी जानकारियों का पिटारा है. लेकिन मुझे तकनीकी जानकारी कम समझ में आ पाती है. शिकायत तो हमारी भी है आपसे कि आपका दिल्ली में आगमन हुआ मगर मुझ गरीब से मिलना उचित नहीं समझा आपने.

    1. बी एस पाबला

      Heart
      कारण तो मैंने पहले ही बता दिया

  10. बहुत सुंदर प्रस्तुति.
    इस पोस्ट की चर्चा, रविवार, दिनांक :- 26/10/2014 को “मेहरबानी की कहानी” चर्चा मंच:1784 पर.

    1. बी एस पाबला

      THANK-YOU
      शुक्रिया राजीव जी

  11. अच्छी जानकारी

    1. बी एस पाबला

      THANK-YOU

  12. बहुत धन्यवाद पाबला जी। मेल की जानकारी भविष्य में काम में लूंगा।

    1. बी एस पाबला

      Happy
      शुक्रिया लिखमाराम जी

  13. पाबला जी इस जानकारी के लिए धन्यवाद
    लेकिन क्या रेडनोटिफी पर sign उप करना आवस्यक है क्या मैंने जब किया तो अजीब सा पेज एचटीएमएल जैसा दिखाई दिया

    1. बी एस पाबला

      Sad
      साइनअप ज़रूरी है
      अजीब सा HTML मतलब?

  14. THANK-YOU
    पाब्ला जी मैंने इस सेवा का उपयोग करके देख लिया.कल रात से आज पूरा दिन आप के ही ब्लॉग पर रहनेवाला हु

    1. बी एस पाबला

      Pleasure
      शुक्रिया परेश जी

  15. Shiv Kumar Dewangan

    बहुत अच्छी जानकारी है; पर मुझे भी तकनिकी की जानकारी कम है, और इस मामले में मैं अभी नया-नवेला हूँ. पर आपसे ऐसी ही ज्ञानवर्धक जानकारियां मिलती रहेगी; ऐसा मेरा विश्वाश है.
    धन्यवाद

  16. बी एस पाबला

    Heart
    आभार देवांगन जी

Leave a Comment

टिप्पणीकर्ता की ताज़ा ब्लॉग पोस्ट दिखाएँ
Enable Google Transliteration.(To type in English, press Ctrl+g)

[+] Zaazu Emoticons