एक दीवार के बल पर भूकम्प की सटीक भविष्यवाणी? बिना किसी यंत्र के!?

अभी कुछ दिन पहले ब्लॉग जगत में ज्योतिष पर हुए कतिपय विवादों से सबंधित ब्लॉग पोस्टस तथा टिप्पणियों के बीच विचरण करते हुए मुझे एकाएक कोयम्बटूर के श्री आर शन्मुगसुन्दरम की याद हो आई।

शन्मुगसुन्दरम जी का ज्योतिष विद्या से नाता मुझे ज्ञात नहीं लेकिन पता नहीं कैसे मुझे एकाएक उनसे वर्षों पहले हुया ईमेल व्यवहार याद हो आया। शन्मुगसुन्दरम जी के बारे में मुझे तब जानकारी मिली थी, जब मैं हैम रेडियो संबंधित जानकारी तलाश रहा था। वे स्वयं एक सफल हैम रेडियो ऑपेरेटर हैं। जिनका पहचान चिन्ह VU2RSS है।

रेडियो ऑपरेटर होने के अलावा उनकी एक अनजानी सी खूबी ने मेरा ध्यान खींचा था। वह खूबी थी भूकम्प की भविष्यवाणी करना और वह भी बिना किसी वैज्ञानिक यंत्र के! मुझे थोड़ी हैरानी भी हुई कि बिना किसी मानक यंत्र के भूकम्प की भविष्यवाणी कैसे की जा सकती है।

वैसे तो इस संसार में हर विधा पर ऊँगलियों उठती रही हैं। प्रत्येक प्राणी अपने स्वभाव व अनुभव के आधार पर संबंधित विषयवस्तु के प्रति अपनी प्रतिक्रिया जाहिर करता है। यहाँ मामला तो ऐसा था कि जमीन के अंदर होने वाली हलचल का पता पहले ही लगा लिया जा रहा!

यह सज्जन मात्र एक सपाट चिकनी दीवार तथा सूर्य की साफ रोशनी के सहारे, स्थान विशेष पर आने वाले भूकम्प की तीव्रता सहित, संभावित समय की भविष्यवाणी कर देते हैं। वर्षों से व्यक्तिगत तौर पर परखे जाने बाद मैं कह सकता हूँ कि उनके दावे में 90 प्रतिशत से अधिक की शुद्धता, अक्सर देखी गई है।

उनकी यह विधि, सूर्य के चारों ओर तथा स्वयं की धुरी पर घूमती पृथ्वी पर पड़ने वाली सूर्य-किरणों की छाया पर आश्रित है। उनकी ‘वेधशाला’ घर के ऊपर बनी दीवार है, जो बादलों के छाये रहने पर काम करना बंद कर देती है!

अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर सराहना पा चुके श्री शन्मुगसुन्दरम से जब मैंने ई-मेल द्वारा उनकी भविष्यवाणियों को हिंदी में अनुवाद कर अपने शहर की वेबसाईट पर प्रकाशित करने की अनुमति चाही थी तो उन्होंने एक प्रश्न किया था कि मेरी भविष्यवाणियों से वेबसाईट के ट्रैफिक पर कोई असर पड़ने की उम्मीद रखते हैं क्या?

फिर कुछ प्रश्नोत्तरों का दौर चलने के बाद संतुष्ट होने पर अनुमति तो मिल गई लेकिन एक चेतावनी के साथ कि अनुवाद एकदम सटीक होना चाहिए वरना अर्थ का अनर्थ हो जाएगा। आश्वासन दिए जाने के बावज़ूद एक आग्रह भी आया ‘एक डिस्क्लेमर डाल दो कि यह हिंदी अनुवाद मेरी ओर से अधिकृत नहीं है।’

अब हुया यह कि हिंदी में अनुवाद कर, उसे वेबसाईट तक पहुँचाना धीरे-धीरे अनियमित होते चले गया। फिर भी जब याद आता है तो समय निकाल कर यह काम कर ही लेता हूँ। अब कोशिश करूँगा कि अनुवाद यहीं दे दिया करूँ। उनका कहना भी दोहरा दिया जाए कि:

…यह वेधशाला मात्र 0 से 180E डिग्री अक्षांश (लगभग) तथा 30S व 50N देशांतर (लगभग) के मध्य घटित होने वाली घटनायों की भविष्यवाणी, कोयम्बटूर में श्री आर शन्मुगसुन्दरम द्वारा स्थापित वेधशाला के स्थान पर उपलब्ध पर्याप्त सूर्य की रोशनी से संभव हो पाती है। इसलिये कभी कोई त्रुटि हो सकती है। … दर्शायी गयी जानकारी पर अमल करने की जिम्मेदारी स्वयं विजिटर की होगी और संभावित स्थान को छोड़ कर जाने आदि के लिये न ही कहा जाता है, न ही कहा जाएगा। सामान्यतया, बताये गये स्थान में, +/- 3 डिग्री अक्षांश/ देशांतर का अंतर और तीव्रता +/- 1 पाया जा सकता है।

उनकी ताजा भविष्यवाणी 16 अगस्त की थी। जिसके अनुसार

  • 15 अगस्त के 04:30 GMT से, अगले 48 से 380 घंटे के भीतर
  • ANDAMAN ISLANDS (14.0N 93.0E) – SOUTHERN SUMATERA (3.0S 100.9E), NORTHERN IRAN (36.7N 52.0E) – PAKISTAN (34.8N 73.2E), OFF W COAST OF NORTHERN SUMATERA (4.10N 94.4E)
  • के स्थान पर 5 से 6+ तीव्रता का भूकम्प आ सकता है।
इन भविष्यवाणियों का परिणाम जानने के लिए (वैश्विक क्षेत्र हेतु) EMSC, REDPUMA, USGS , तथा (भारतीय क्षेत्र हेतु) IMD , ASC का विचरण किया जा सकता है। वैसे TAIWAN, GREECEWWGLNORSAR वेबसाईट्स को भी देखा जा सकता है। या फिर नीचे दी गई तस्वीर का अध्ययन किया जा सकता है जो स्वत: पिछले 7 दिनों में एशियाई क्षेत्र में आए भूकम्प का लेखा जोखा प्रस्तुत करती रहती है
ताजा भविष्यवाणी का परिणाम यह है कि 16 अगस्त को 08:55 GMT पर, 2.07 S 98.95 E की भौगोलिक स्थल पर 4.7 तीव्रता का भूकम्प आया। 17 अगस्त को 01:11 GMT, 38.55 N 44.89 E की भौगोलिक स्थिति पर, 3.0 की तीव्रता का भूकम्प आया। 18 अगस्त को 03:28 GMT, 3.08 N 97.19 E की भौगोलिक स्थिति पर 4.8 की तीव्रता का भूकम्प आया। 18 अगस्त को ही 23:08 GMT, 2.22 S 98.72 E की भौगोलिक स्थिति पर, 4.7 की तीव्रता का भूकम्प आया। इस पोस्ट के लिखते लिखते ही खबर लगी कि आज 20 अगस्त को भारतीय समयानुसार सुबह साढ़े ग्यारह बजे के आसपास 1.44 S 99.44 E की भौगोलिक स्थल पर 4.8 तीव्रता का भूकम्प आया।

कल 19 अगस्त को 10:45 GMT, 26.54 N ; 92.44 E की भौगोलिक स्थिति पर, 5.0 की तीव्रता का भूकम्प असम में आया। इसकी भविष्यवाणी वे 14 अगस्त को ही कर चुके थे।
 
अब आप डाटा का मिलान खुद ही कर लीजिए!
 
ASIANET टीवी चैनल तो चाहता है कि इन्हें नोबल पुरस्कार मिले लेकिन एक चिकनी दीवार के भरोसे भविष्यवाणी करने वाले आर शन्मुगसुन्दरम के बारे में आपका क्या सोचना है?
एक दीवार के बल पर भूकम्प की सटीक भविष्यवाणी? बिना किसी यंत्र के!?
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17 comments

  • अर्शिया says:

    Jaankaari ke liye aabhaar.
    ( Treasurer-S. T. )

  • जी.के. अवधिया says:

    आजकल बिना किसी वैज्ञानिक आधार वाले विधा को लोग विधा मानने से इंकार कर देते हैं किन्तु इसका अर्थ यह नहीं है कि वह विधा है ही नहीं। बहुत सी बातें अलौकिक होते हुए भी सत्य होती हैं। ऐसी विधाओं का वैज्ञानकि अध्ययन होना चाहिये न कि उसे नकारा जाना चाहिये। आरम्भ में परामनोविज्ञान को भी विज्ञान नहीं माना जाता था पर बाद में उसे विज्ञान के अन्तर्गत् सम्मिलित कर लिया गया और आज अनेकों विश्वविद्यालयों में यह विज्ञान पढ़ाया जाता है।

    अवश्य ही श्री शन्मुगसुन्दरम जी के पास कोई न कोई विशेष विधा है।

  • संगीता पुरी says:

    आश्‍चर्य हुआ जानकर !!

  • दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi says:

    यह ज्योतिष नहीं है। अपितु पूर्णतः वैज्ञानिक पद्धति है। इस कारण से इस रीति से भविष्यवाणी करना और उस का 90% तक सही निकलना संभव है। पर उन्हें इस विधि का खुलासा करना चाहिए जिस से यह विधि दुनिया के काम आ सके।
    मुझे बिलकुल आश्चर्य नहीं हुआ।

  • Dr. Mahesh Sinha says:

    यह कुछ देश में बने जंतर मंतर जैसा ही है जिसकी भी ज्यादा जानकारी अपने पास नहीं है .
    आपका लोकेटर शायद मेरे साथ हमेशा कुछ खेल खेलता है आज देखिये

    आपका 'ज़िंदगी के मेले' में स्वागत है।
    आप unknown देश में संभवत:unknown के आसपास हैं।
    आपका IP पता है: 122.168.204.208
    आपको इंटरनेट सेवा देने वाले हैं: BHARTI-IN Bharti Tele-Ventures Limited Class A ISP in INDIA . 234 , OKHLA PHASE III , NEW DELHI INDIA
    जिनका पता है AIRTELBROADBAND-AS-AP Bharti Airtel Ltd., Telemedia Services 1st Floor, Koramangala Intermediate Ring Road Amarjyoti Layout,Domlur Bangalore,Karnataka
    इनका AS कोड AS24560 तथा ASN कोड 24560 है।

    🙂

  • Pt.डी.के.शर्मा"वत्स" says:

    दुनिया में बहुत सी ऎसी विधाएं हैं जिन्हे समझने के लिए अभी विज्ञान समर्थ नहीं हो पाया है!

  • Udan Tashtari says:

    दिलचस्प और अचंभित करने वाली जानकारी..आपका आभार.

  • अजय कुमार झा says:

    पोस्ट की जानकारियों ने हमेशा की तरह आश्चर्यचकित किया…इतना और की यदि ये काम अमरीका या इंग्लैंड में किसी ने किया होता तो अब तक नोबेल समेत न जाने कितने पुरस्कार और सम्मान मिल चुके होते..उत्सुकता ये की ….बड़े भूकम्पों से पहले ..कोई सटीक भविष्यवाणी पहले करते तो क्या ..बहुत लोगों को बचायां नहीं जा सकता था..फिर वैसा क्यूँ नहीं हो पाया ..क्या मीडिया, या दुसरे स्रोतों को इसकी जानकारी है …

  • हिमांशु । Himanshu says:

    निश्चय ही आश्चर्य नहीं हुआ, क्योंकि मनुष्य अनेकों संभावनाशील ज्ञान विज्ञान का पुंजीभूत स्वरूप है । उनके पास अवश्य ही कोई परखी हुई कौशल कला है – जिसकी जानकारी उन्हें उपलब्ध करानी चाहिए ।
    जानकारी का आभार ।

  • अनूप शुक्ल says:

    दिलचस्प!

  • Ratan Singh Shekhawat says:

    दिलचस्प और अचंभित करने वाली जानकारी |

    लेकिन पाबला जी मूर्खों को कौन समझाए वे इन विद्याओं में कमियां निकलते ही रहेंगे !

  • संगीता पुरी says:

    द्विवेदी जी ने सही कहा .. सिर्फ 'भविष्‍यवाणी' शब्‍द देखकर ही हम उसे 'ज्‍योतिष' समझने की भूल कर लेते हैं .. जबकि सत्‍य तो ये है कि ज्‍योतिष ग्रहों की स्थिति का पृथ्‍वी पर प्रभाव स्‍पष्‍ट करता है .. मनुष्‍य द्वारा भविष्‍य का अनुमान लगा पाने की लालसा ने प्राचीनकाल में 'ज्‍योतिष' जैसी कई विधाओं को जन्‍म दिया .. जिनमें कालांतर में कोई विकास न किए जाने से वे लोकप्रिय नहीं हो सके .. सबों को याद होगा कि सुनामी की लहरों में जहां विकसित आबादी पूरी तरह नष्‍ट हो गई थी .. वहीं अति आदिवासी समुदाय के लोगों ने सुरक्षित स्‍थानों पर पहले से पहुंचकर अपने को बचा लिया था .. अवश्‍य उन्‍होने सुनामी की भविष्‍यवाणी कर ली होगी .. उन्‍हीं आधारों में से किसी एक आधार को विकसित कर इस प्रकार की भविष्‍यवाणियां की जाती है .. मुझे आश्‍चर्य हुआ यह जानकर कि .. किसी और विधा का एक व्‍यक्ति द्वारा पुन: इतना विकास किया गया.. पर अभी भी सरकार या जनता की उपेक्षा की वजह से उन्‍हें पहचान नहीं मिल रही।

  • लवली कुमारी / Lovely kumari says:

    रोचक जानकारी है ..द्विवेदी जी से सहमत हूँ.

  • बी एस पाबला says:

    अपडेट्स

    अंडमान द्वीप समूह में आये 21 अगस्त को दो ताजा भूकम्प
    पहला आया 12:46 GMT पर,
    जिसकी तीव्रता थी 4.6
    स्थान था 13.71 N ; 93.56 E

    दूसरा आया 14:26 GMT पर
    जिसकी तीव्रता थी 4.9
    स्थान था 14.21 N ; 93.33 E

    भविष्यवाणी का स्थान व तीव्रता खुद पोस्ट में देख लें।

  • Murari Pareek says:

    बहुत सुन्दर जानकारी | अगर कुछ पूर्वानुमान अभी बता सकते तो और अच्छा होता |

  • बी एस पाबला says:

    मुरारी जी,

    जैसा कि बताया गया
    29 August 2009, 04:30 GMT से 48 से 380 घंटों के भीतर, 4 से 6+M का भूकम्प आ सकता है निम्न स्थानों पर

    KACHCHH, GUJARAT (23.4N 70.0E)
    NORTHERN SUMATERA (4.9N 94.8E) – KOYNA, MAHARASHTRA(17.3N 73.7E)
    EASTERN MEDITERRANEAN SEA (34.2N 27.5E) – OWEN FRACTURE ZONE REGION (12.3N 58.0E)
    ———————

    28 August 2009, 04:30 GMT से 48 से 380 घंटों के भीतर, 5 से 6+M का भूकम्प आ सकता है निम्न स्थानों पर

    ASSAM-SIKKIM, INDIA (26.9N 90.6E) – ANDAMAN ISLANDS, INDIA (14.2N 93.0E)
    EAST COAST OF HONSHU (36.9N 140.1E) – LEYTE, PHILIPPINE (11.5N 124.5E)
    XIZANG (30.5N 83.7E)

    अब बात तब बने जब आप इनका परिणाम यहाँ बता सकें, पोस्ट पर दी गई लिंक्स के सहारे

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